फ्री गूगल क्लाउड क्रेडिट सहायता 36स्टार्टअप कंपनियों को

छत्तीसगढ़ की स्टार्टअप कंपनियों को मिलेगा वित्तीय और तकनीकी सहयोग: डॉ. रमन सिंह
मुख्यमंत्री ने किया 36 स्टार्टअप उद्यमियों को सम्मानित, गुगल द्वारा छत्तीसगढ़ की प्रत्येक स्टार्टअप कम्पनी को लगभग 20 हजार डालर की क्रेडिट सहायता

रायपुर, 03 सितम्बर 2017 - मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने आज राजधानी रायपुर में आयोजित स्टार्टअप छत्तीसगढ़ ग्रैंड चैलेंज सम्मान समारोह में कहा -छत्तीसगढ़ में स्टार्टअप प्रारंभ करने वाले युवा उद्यमियों को राज्य सरकार नीतिगत, तकनीकी और वित्तीय सहयोग देगी। उन्होंने कहा- नये स्टार्टअप के लिए छत्तीसगढ़ राज्य में काफी संभावनाएं हैं, यहां युवा प्रतिभाओं की कमी नहीं है और इसके लिए सकारात्मक वातावरण भी है। समारोह का आयोजन राज्य सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग विभाग द्वारा सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के सहयोग से किया गया। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा घोषित स्टार्ट-अप इंडिया के तहत राज्य में स्टार्ट-अप छत्तीसगढ़ योजना सितम्बर 2016 से संचालित की जा रही है।

डॉ. सिंह ने आज के समारोह में इस योजना के तहत विभिन्न प्रकार के उद्योग शुरू करने के लिए नये विचार और नये आइडिया देने वाले 36 युवा उद्यमियों को प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया। राज्य के इन 36 स्टार्टअप को भारत सरकार ने प्रमाणित किया है। डॉ. रमन सिंह ने समारोह में योजना की विवरण पुस्तिका का भी विमोचन किया। समारोह को सम्बोधित करते हुए  मुख्यमंत्री ने इस बात पर खुशी जतायी कि राज्य सरकार के वाणिज्य और उद्योग विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ की स्टार्टअप कंपनियों को बढ़ावा देने के लिए अंतर्राष्ट्रीय कम्पनियों के साथ मिलकर परस्पर सहयोग की पहल की जा रही है। उन्होंने कहा - हमारे इन युवा उद्यमियों ने यह साबित कर दिया है कि उनमें नवाचार की असीम संभावनाएं हैं। राज्य में स्टार्टअप के लिए सकारात्मक वातावरण है। इन युवा उद्यमियों को सरकार पूरी तत्परता से हर संभव सहयोग देगी।

डॉ. सिंह ने इस बात पर खुशी जतायी कि गुगल द्वारा छत्तीसगढ़ की 36स्टार्टअप कंपनियों को प्रति स्टार्टअप लगभग 20 हजार डालर की क्रेडिट सहायता फ्री क्लाउड के लिए दी जाएगी। इसी तरह 3858 स्टार्टअप कंपनियों को 3 हजार डालर की फ्री क्लाउड की सुविधा दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने युवाओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि स्टार्टअप का आइडिया बरगद के बीज की तरह होता है जो बड़ा होकर हजारों लोगों को वर्षों तक छाया देता है। मुख्यमंत्री ने सम्मान समारोह में छत्तीसगढ़ के प्रथम ’’36आईएनसी‘ इन्क्यूबेशन सेंटर का भूमिपूजन किया। इस  इन्क्यूबेशन सेण्टर को केंद्र सरकार द्वारा अटल अभिनव केंद्र के रूप में चुना गया है। राजधानी रायपुर के सिटी सेंटर मॉल में लगभग 30 हजार वर्ग फीट  में शुरू होने वाला यह इन्क्यूबेशन सेंटर प्रदेश के युवा उद्यमियों को विश्व स्तर के उद्यमियों के साथ मिलकर अपने स्टार्टअप आइडिया को विकसित करने का मौका देगा। इस सेंटर में 200 से अधिक वर्क स्टेशन और अत्याधुनिक लैब का प्रावधान है, जिसमें 3डी प्रिंटर, लेजर कटर, इलेक्ट्रानिक टेस्टिंग और मल्टी मीडिया निर्माण की सुविधा मिलेगी।

समारोह की अध्यक्षता प्रदेश के वाणिज्य और उद्योग मंत्री श्री अमर अग्रवाल  ने की। समारोह में छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक निगम (सी.एस.आई.डी.सी) के अध्यक्ष श्री छगन लाल मूंदड़ा,  प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड, वाणिज्य और उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री एन. बैजेन्द्र कुमार,  सूचना और प्रौद्योगिकी विभाग के प्रमुख सचिव श्री अमन कुमार सिंह, उद्योग विभाग के सचिव श्री ए.के. भट्ट और ’चिप्स’ के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एलेक्स पॉल मेनन , संचालक वाणिज्य और उद्योग श्रीमती अलरमेल मंगई डी, उद्योग विभाग के संयुक्त सचिव श्री यशवंत कुमार, प्रबंध संचालक सी.आई.डी.सी. श्री सुनील मिश्रा  और इंटरनेट सर्च इंजन गुगल के  प्रतिनिधि श्री के.सी. अय्यागिरी सहित राज्य सरकार के अनेक वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने समारोह में स्टार्ट-अप योजना के तहत आयोजित प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए उद्योग मंत्री श्री अमर अग्रवाल ने कहा - छत्तीसगढ़ सरकार की नवाचार और उद्यमिता विकास नीति  देश की सर्वश्रेष्ठ नीतियों में से एक है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेेन्द्र मोदी द्वारा शुरू किए गए मेक इन इंडिया, स्टार्टअप इंडिया, डिजिटल इंडिया और स्टैण्ड अप इंडिया जैसे कार्यक्रम युवाओं को रोजगार एवं व्यवसाय के अवसर प्रदान करने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार भी हर संभव प्रयास कर रही है। श्री अग्रवाल ने कहा राज्य सरकार प्रारंभिक दिनों में स्टार्टअप योजना के तहत नये आइडिया के साथ काम शुरू करने वाले युवा उद्यमियों को हर संभव मदद करने को तत्पर है। उन्हें स्वयं के पैरों पर खड़ा करना भी हमारा लक्ष्य है। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में प्रदेश के बजट में इसके लिए पर्याप्त वित्तीय प्रावधान भी किए गए हैं। श्री अमर अग्रवाल ने यह भी बताया कि स्टार्टअप उद्यमियों की मदद के लिए राजधानी रायपुर स्थित उद्योग संचालनालय (उद्योग भवन) में विशेष केन्द्र की स्थापना की जा रही है।

समारोह में मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड ने युवाओं का आव्हान किया कि स्थानीय जरूरतों को पूरा करने के लिए नये आइडिया और विचारों को क्रियान्वित करने की दिशा में कार्य करें। श्री ढांड ने कहा कि आज की बड़ी स्टार्टअप कंपनियां शुरूआत में बहुत छोटे स्तर से प्रारंभ की गई थी। स्टार्टअप छत्तीसगढ़ का उद्देेश्य सभी क्षेत्रों में नवाचार को बढ़ावा देना  है। इसके तहत छत्तीसगढ़ के सभी 27 जिलों और प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थाओं में राज्य सरकार के वाणिज्य और उद्योग विभाग द्वारा बूट शिविरों का आयोजन किया गया, जिनमें लगभग 3858 युवाओं ने अपना पंजीयन करवाया। इन युवाओं ने स्टार्ट-अप छत्तीसगढ़ योजना को एक बड़ी चुनौती के रूप में स्वीकार कर इन शिविरों में हिस्सा लिया। इनमें से भारत सरकार के वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने अब तक 36 युवाओं के स्टार्ट-अप को प्रमाणित किया है।

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