स्वास्थ्य

सरकार अंतर्राष्ट्रीय चिकित्सा पर्यटन को कैसे बढ़ावा दे रही है?

पर्यटन मंत्रालय ने मौसमी पर्यटन से आगे बढ़ कर भारत को पूरे साल भर 365 दिन के गंतव्य के रूप में बढ़ावा देने के लिए और विशिष्ट रूचि वाले पर्यटकों को आकर्षित करने आयुर्वेद सहित मेडिकल और कल्याण वेलनेस पर्यटन को एक आला उत्पाद के रूप में पहचान की।

एक समर्पित संस्थागत ढांचा प्रदान करने के लिए राष्ट्रीय चिकित्सा और कल्याण पर्यटन बोर्ड का गठन किया गया है जो चिकित्सकीय और कल्याण पर्यटन को बढ़ावा देने केका कार्य करेगी जिसमें आयुर्वेद, योग, यूनानी, सिद्ध और होम्योपैथी (आयुष) और भारतीय चिकित्सा पद्धति के किसी भी अन्य प्रारूप का भी ख्याल रखेगी।

मातृत्‍व मृत्‍यु निगरानी एवं मोचन, व्‍यावधान से लड़ने नई दिल्ली कार्यशाला

व्यापक जागरूकता जरुरी - स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने मातृत्‍व मृत्‍यु निगरानी एवं मोचन (एमडीएसआर) को मजबूत बनाने और मातृत्‍व में व्‍यावधान पड़ने के कारणों की समीक्षा (एमएनएम) के लिए राष्‍ट्रीय कार्यशाला का आयोजन किया 

स्‍वास्‍थ्‍य एवं परिवार कल्‍याण मंत्रालय ने मातृत्‍व मृत्‍यु निगरानी एवं मोचन (एमडीएसआर) को मजबूत बनाने और मातृत्‍व में व्‍यावधान पड़ने के कारणों की समीक्षा (एमएनएम) के लिए दो दिवसीय राष्‍ट्रीय कार्यशाला का आयोजन किया।

मुफ्त एचआईवी एड्स और आँख की बीमारी सलाह

प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान तथा आँख लाल होने पर तत्काल चिकित्सक से ले सलाह :मौसमी बीमारियों से बचने साफ-सफाई और सावधानी जरूरी

रायपुर, 22 जुलाई 2017 - स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग द्वारा मौसमी बीमारीयों से बचने के लिए आवश्यकवधानी बरतने को कहा गया है। इसके लिए संक्रमण से बचाव के उपाय भी बताए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग के आयुक्त और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिषन के संचालक श्री आर.

सुपेबेड़ा में किडनी की बीमारी

मेडिकल कॉलेज की 26 सदस्यीय टीम आज पहुंचेगी सुपेबेड़ा : मेडिसीन, पैथोलॉजी, रेडियोलॉजी, डेंटल, ऑर्थो और शिशुरोग विशेषज्ञ भी टीम में शामिल

सोनोग्राफी, एक्स-रे, ईसीजी और इलेक्ट्रोलाईट मशीनों से की जाएगी ग्रामीणों की मुफ्त डॉक्टरी जांच, देवभोग में लगाया जाएगा निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर: सुपेबेड़ा के 1200 ग्रामीणों का होगा स्वास्थ्य परीक्षण 

मेडिकल कॉलेज रायपुर से स्वस्थ होकर ग्यारह मरीज घर लौटे