समन्वित जल संसाधन विकास योजना

भारत में औसत वार्षिक जल संसाधन क्षमता का मूल्यांकन

देश में सतही और उप-सतही स्रोतों से जल की उपलब्धता का समुचित मूल्यांकन उचित आयोजना, विकास और प्रबंधन का आधार है । जल संसाधनों की आयोजना, विकास और प्रबंधन को बहु-क्षेत्रीय, बहु-विभागीय और भागीदारीपूर्ण दृष्टिकोण के साथ ही राष्ट्रीय जल नीति, 2002 के अनुसार समन्वित गुणवत्ता, संख्या और पर्यावरण संबंधी पहलुओं पर आधारित एक जलविज्ञान इकाई के आधार पर किया जाना चाहिए । तदनुसार, नदी घाटी पर आधारित जल संसाधन मूल्यांकन किया जा रहा है ।