विज्ञान

विज्ञान और प्रौद्योगिकी नवाचारों पर प्रदर्शनी

नई दिल्ली में 28 जुलाई 2017 को विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, पर्यावरण एवं वनों और राज्यसभा के संसदीय स्थायी समिति द्वारा आयोजित 'विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी नवाचार पर प्रदर्शनी' का उद्घाटन समारोह में सभा को संबोधित कर रहे भारत के उपराष्ट्रपति, श्री एम. हामिद अंसारी ने कहा कि विज्ञान और प्रौद्योगिकी प्राचीन काल से हमारे साथ एक जुनून रही है।

भारत के कितने उपग्रह क्या करते हैं?

बाह्य अंतरिक्ष में भारतीय उपग्रह: वर्तमान में 42 भारतीय उपग्रह अपनी-अपनी कक्षाओं में कार्यरत हैं या चालू अवस्था में हैं। 

इन 42 उपग्रहों में से 15 उपग्रहों का उपयोग संचार के लिए, चार उपग्रहों का इस्तेमाल मौसम संबंधी अवलोकन के लिए, 14 उपग्रहों का उपयोग पृथ्वी के अवलोकन के लिए, 7 उपग्रहों का इस्तेमाल नौवहन के लिए और 2 उपग्रहों का उपयोग अंतरिक्ष विज्ञान से जुड़े उद्देश्यों की पूर्ति के लिए किया जा रहा है। वित्त वर्ष 2016-17 के दौरान इनसैट/जीसैट ट्रांसपोंडरों की लीजिंग (लीज या पट्टे पर देना) के जरिए संचार उपग्रहों से कुल मिलाकर 746.68 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित हुआ। 

नवाचारी प्रौद्योगिकी से संवरता भारत का भविष्य: भारत सरकार संजीदा है विज्ञान प्रयोग के मामले में

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने भारत सरकार के शीर्ष  वैज्ञानिक अधिकारियों के साथ की बैठक 

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज सरकार के शीर्ष वैज्ञानिक अधिकारियों के साथ बैठक की । इन अधिकारियों में नीति आयोग के सदस्‍य डाक्‍टर वी के सारस्‍वत ,भारत सरकार के मुख्‍य वैज्ञानिक सलाहकार डाक्‍टर आर चिंदबरम और केन्‍द्र सरकार के  विभिन्‍न विज्ञान विभागों के सचिव शामिल थे। बैठक में अधिकारियों ने प्रधानमंत्री को विभिन्‍न क्षेत्रों में वैज्ञानिक अनुसंधान में हुई प्रगति की जानकारी दी।

हिन्दी विज्ञान साहित्य परिषद, भाभा परमाणु अनुसंधान केन्द्र, मुम्बई

राज्य सरकार के संस्कृति और पुरातत्व विभाग द्वारा हिन्दी विज्ञान साहित्य परिषद, भाभा परमाणु अनुसंधान केन्द्र, मुम्बई के सहयोग से राजधानी रायपुर में कल 17 मार्च से तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया जा रहा है।

महंत घासीदास संग्रहालय परिसर स्थित संस्कृति विभाग के सभाकक्ष में यह संगोष्ठी ’विज्ञान एवं पुरातत्व’ विषय पर होगी। इसका शुभारंभ कल 17 तारीख को विधानसभा अध्यक्ष श्री गौरीशंकर अग्रवाल सवेरे 9 बजे करेंगे। संगोष्ठी 19 मार्च तक चलेगी। शुभारंभ समारोह की अध्यक्षता संस्कृति और पर्यटन मंत्री श्री दयालदास बघेल करेंगे।