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कैंसर का इलाज अब छत्‍तीसगढ़ में होगा

Health Minister Coconut Breaking Ceremony wit h Chief MinisterHealth Minister Coconut Breaking Ceremony wit h Chief Ministerरायपुर सरकारी अस्‍पताल डॉ. भीमराव अम्बेडकर अस्पताल (मेकाहारा) में सीटी सिमुलेटर मशीन एवं लीनियर एक्सीलेरेटर का उद्घाटन मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया। मेकाहारा छत्‍तीसगढ़ प्रदेश का पहला सरकारी अस्पताल है जिसमें में लीनियर एक्सीलेरेटर एवं सीटी सिमुलेटर मशीन की सुविधा है।

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने इस अवसर पर अपने अभीभाषण में की इन मशीनों की सुविधा मिल जाने से छत्‍तीसगढ़ ही नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ के भीतर के राज्य जैसे - झारखण्‍ड, उड़ीसा तथा अन्‍य राज्‍यों के कैंसर मरीजों को विश्वस्तरीय कैंसर के इलाज की सुविधा मिलेगी। छत्‍तीसगढ़ के कैंसर से पीड़ित मरीजों को कैंसर के इलाज के लिए छत्‍तीसगढ़ से अन्‍य दूसरे राज्‍य जाने आवश्‍यकता पड़ती थी पर अब ऐसा नहीं है। अब कैंसर का इलाज छत्‍तीसगढ़ में ही होगा।

इन दो कैंसर इलाज के अत्याधुनिक मशीनों के साथ मेकाहारा में 60 बिस्तरों के साथ आई.सी.यू. कैंसर के लिए, ब्लड बैंक मोबाइल वेन सिकलसेल का मोबाइल क्लीनिक और एकीकृत आक्सीजन इकाई का उद्घाटन मुख्‍यमंत्री ने किया।

सेवा कुंज धर्मशाला लोकार्पण

श्रीमती विमला देवी की दानशीलता से बनी 45 लाख रूपए की दो मंजिला धर्मशाला
परोपकार की छत्तीसगढ़िया परम्परा का यह अनुकरणीय उदाहरण : डॉ. रमन सिंह
मुख्यमंत्री ने सिम्स परिसर में किया 'जगमोहन अग्रवाल स्मृति सेवा कुंज' का लोकार्पण

रायपुर, 08 नवम्बर 2009 छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने राज्य के सरकारी अस्पतालों के प्रबंधन में आम जनता की भागीदारी का आव्हान करते हुए कहा है कि इस दिशा में बिलासपुर की श्रीमती विमला देवी ने प्रदेशवासियों के सामने दानशीलता और परोपकार का एक आदर्श उदाहरण पेश किया है। डॉ. सिंह आज जिला मुख्यालय बिलासपुर में छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) परिसर में निर्मित 'जगमोहन अग्रवाल स्मृति सेवा कुंज' धर्मशाला के लोकार्पण समारोह को सम्बोधित कर रहे थे।  read more »

रायपुर एम्स

329 करोड़ रूपए में बनेगा रायपुर एम्स अस्पताल और महाविद्यालय परिसर, निर्माण अगले डेढ़ वर्षों में होगा

रायपुर, 03 नवम्बर 2009 छत्तीसगढ़ का बहुप्रतीक्षित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान अगले डेढ़ वर्षों में तैयार हो जाएगा। कुल 329 करोड़ रूपए की लागत वाली इस परियोजना के तहत चिकित्सा महाविद्यालय, छात्रावास और अस्पताल परिसर बनेगा। इसमें मरीजों के लिए 960 बिस्तरों की सुपर स्पेशिलिटी सुविधा होगी। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की विशेष पहल पर भारत सरकार द्वारा इस संस्थान की मंजूरी दी गई है। रायपुर में यह संस्थान पुराना टी.बी. अस्पताल परिसर टाटीबंध में प्रस्तावित है। भारत सरकार द्वारा इस संस्थान के निर्माण के लिए निविदा जारी कर दी गई है।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि रायपुर का आयुर्विज्ञान चिकित्सा संस्थान दो पैकेज में बनेगा। पहले पैकेज में महाविद्यालय और छात्रावास काम्पलेक्स का निर्माण होगा। इस पर लगभग 123 करोड़ रूपए का व्यय आएगा।  read more »

छत्तीसगढ़ कैथलैब और हीमो डायलिसिस

राज्य के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में भी अब कैथलैब और हीमो डायलिसिस की सुविधा
हृदय रोग और किडनी के मरीजों को मिलेगा इनका फायदा
राज्यपाल श्री नरसिम्हन आज करेंगे लोकार्पण

रायपुर, 03 नवम्बर 2009 राज्य सरकार की ओर से छत्तीसगढ़ की जनता को चिकित्सा के क्षेत्र में कल 4 नवम्बर को चिकित्सा के क्षेत्र में यहां दो महत्वपूर्ण सुविधाओं की सौगात मिलने जा रही है। राज्यपाल श्री ई.एस.एल. नरसिम्हन और मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह कल चार तारीख को सवेरे 11 बजे डॉ. भीमराव अम्बेडकर अस्पताल के मेडिसिन विभाग में बहुप्रतीक्षित कैथलैब और हीमो डायलिसिस यूनिट जनता को सौंपेगे।  read more »

स्वाईन फ्लू जांच हेतु शिविर

रायपुर, 27 अक्टूबर 2009 - छत्तीसगढ़ से इस वर्ष हज यात्रा में जाने वाले यात्रियों के लिये 28 अक्टूबर को यहां गांधी मैदान स्थित रंग मंदिर में स्वाईन फ्लू जांच शिविर का आयोजन किया गया है। स्वाईन फ्लू जांच शिविर प्रात: 11.45 बजे से प्रारंभ होगा। आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री केदार कश्यप शिविर में विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।

शिविर का आयोजन छत्तीसगढ़ राज्य हज कमेटी द्वारा किया गया है। स्वाईन फ्लू जांच शिविर में अधिक से अधिक हज यात्रियों सहित मुस्लिम समाज के लोगों को उपस्थित होने आग्रह किया गया है।

हाथ धुलाई दिवस आरंग

छत्‍तीसगढ़ हाथ धुलाई दिवस का राज्य स्तरीय कार्यक्रम 27 अक्टूबर को
रायपुर, 24 अक्टूबर 2009 स्वच्छता के प्रति बच्चों से लेकर बड़े बुजुर्गों तक और भी अधिक जागरूकता लाने के लिए अंतर्राष्ट्रीय हाथ धुलाई दिवस का छत्‍तीसगढ़ राज्य स्तरीय कार्यक्रम आगामी मंगलवार 27 अक्टूबर को रायपुर जिले के विकासखण्ड आरंग स्थित मंदिरहसौद में सवेरे ग्यारह बजे आयोजित किया जाएगा।

रायपुर से कुछ दूर स्थित आरंग बाजार चौक स्थित शासकीय प्राथमिक शाला परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में छत्‍तीसगढ़ प्रदेश के स्कूल शिक्षा और लोक निर्माण मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल मुख्य अतिथि होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता रायपुर के लोकसभा सांसद और पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री रमेश बैस करेंगे।  read more »

ट्रॉमा यूनिट सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में

छत्तीसगढ़ के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में
ट्रॉमा यूनिट की सुविधा जल्द

राज्य शासन द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक और पहल करते हुए अब छत्तीसगढ़ के समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में ट्रामा यूनिट उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग द्वारा ट्रामा यूनिट खरीदने के लिए सभी औपचारिकताएं पूर्ण कर ली गई है और बहुत जल्द सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों को ट्रामा यूनिट उपलब्ध करा दी जाएंगी।  read more »

आयुर्वेद महाविद्यालय के गौरव

आज सुखद संयोग है कि आयुर्वेद प्रवर्तक भगवान धन्वंतरी के जंयती अवसर पर प्रदेष के आयुर्वेद स्नातक मुख्यमंत्री का जन्म दिवस मनाया जा रहा है। सौम्य, शाालीन, सजीले व्यक्तित्व के धनी डॉ. रमन सिंह राज्य के शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय रायपुर के छात्र रहे हैं, राजनीति के इस निर्विवाद, मँजे हुए व्यक्तित्व पर महाविद्यालय को गर्व है

महाविद्यालय का हर सदस्य जब भी उनसे मिलता है, अत्यंत भावविभोर हो जाता है, उनके मानस पटल पर आज भी कालेज के मनी कैंटीन की चाय-समोसा, मिश्रा पान ठेले की मीठी पत्ती, सहपाठियों के साथ की गई चुहलबाजी एवं व्हालीबाल, क्रिक्रेट तथा बैडमेंटन की शाॉट अंकित है, मुख्यमंत्री भी आपने सहपाठियों एवं आयुर्वेद स्नातकों के प्रति आत्मीयता एवं निष्छल प्रेम प्रदर्षित करते है।

मैं अपने लेखनी के माध्यम से उनके महाविद्यालयीन सस्मरणों एवं मातृसंस्था के प्रति दृष्टिकोण को रेखांकित करने का प्रयास करूंगा, 25, 26 एवं 27 मार्च 2006 को संपन्न महाविद्यालय के स्वर्ण जयंती समारोह का गरिमामय एवं भव्य आयोजन डॉ. रमनसिंह के अपार सहयोग एवं मार्गदर्षन से ही संभव हो पाया इस आयोजन ने महाविद्यालय को पूरे देष में पहचान दी।  read more »

सिकलसेल एनिमिया की जांच

रायपुर, 13 अक्टूबर 2009 - शासकीय जे. योगानन्दम् छत्तीसगढ़ महाविद्यालय, रायपुर की यूथ रेडक्रास यूनिट एवं राष्ट्रीय सेवा योजना द्वारा ग्राम सेजबहार, डूंडा, बोरियाकला एवं बोरियाखुर्द में सिकलसेल एनीमिया की जांच एवं नुक्कड़ नाटक का आयोजन भारतीय रेडक्रास सोसायटी रायपुर के सहयोग से किया गया।

महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. ज्ञानेन्द्र शुक्ला ने आज यहां बताया कि ग्राम सेजबहार में 87 ग्रामवासियों, ग्राम डूंडा में 86 ग्रामवासियों, बोरियाकला 103 ग्रामवासियों तथा ग्राम बोरियाखुर्द में 104 ग्रामवासियों के खून की जांच की गई। इनमें से 40 लोगों में सिकलसेल बीमारी के लक्षण पाए गए।

प्रभावित लोगों के खून की जांच सेम्पल भारतीय रेडक्रास सोसायटी के सिकलसेल विभाग को विस्तृत जांच के लिए भेजे गए। इन गांवों में आयोजित जांच शिविरों में ऐसे व्यक्तियों जिनमें सिकलसेल के लक्षण पाए गए। उन्हें आवश्यक परामर्श एवं जानकारी सिकल विभाग द्वारा दी गयी।  read more »

एड्स जागरूकता का प्रचार

सहकारिता के माध्यम से होगा एड्स जागरूकता का प्रचार

एच.आई.वी.,एड्स प्रशिक्षण शिविर सम्पन्न

रायपुर, 08 अक्टूबर 2009 - छत्तीसगढ़ में सहकारिता आंदोलन की गांव-गांव में पहुंच को देखते हुए अब विभिन्न सहकारी समितियों के सदस्यों के माध्यम से एच.आई.वी., एड्स का प्रचार-प्रसार किया जाएगा। इस संबंध में आज यहां जिला सहकारी बैंक के सभा कक्ष में अन्तर्राष्ट्रीय सहकारी संघ नई दिल्ली, सहकारी प्रबंध संस्थान भोपाल और छत्तीसगढ़ राज्य एड्स नियंत्रण समिति द्वारा रायपुर जिले के सहकारी समितियों और स्व-सहायता समूह के सदस्यों के लिए एक प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया।

शिविर में उन्हें एच.आई.वी.,एड्स के कारणों और उसके बचावों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई। प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ सहकारी प्रबंध संस्थान भोपाल के अध्यक्ष श्री अरूण सिंह तोमर ने किया। उन्होंने कहा कि सहकारिता आज हर गांव में रचा-बसा है। देश में करोड़ों लोग इसके सदस्य है।

इसका इतना बड़ा नेटवर्क है कि शायद ही देश का कोई गांव इससे बचा हो। जाहिर है इतने बड़े नेटवर्क के माध्यम से सामाजिक समस्या का गंभीर रूप लेती इस बीमारी का प्रभावी प्रचार-प्रसार हो सकता है। उन्होंने कहा कि इस बीमारी के प्रचार-प्रसार के लिए उपयोग किए जा रहे साहित्य में तकनीकी भाषा का ज्यादा प्रयोग है, बेहतर होगा कि सामान्य बोलचाल की भाषा अथवा स्थानीय बोली में इसका प्रचार प्रचार होना चाहिए, जिससे स्थानीय लोग आसानी से इस बीमारी के बारे में जान सकें।  read more »

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