राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद ने छत्तीसगढ़ के जिला मुख्यालय दंतेवाड़ा प्रवास के दौरान वहां एक आदिवासी महिला श्रीमती फूलमती भास्कर के ई-रिक्शे की सवारी की। श्रीमती फूलमती निकटवर्ती ग्राम टेकनार स्थित मां भवानी महिला स्व-सहायता समूह की सदस्य हैं।

श्री कोविंद ने यह जानकर खुशी जताई कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में राज्य सरकार ने इस आदिवासी बहुल जिले की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए स्वसहायता समूहों का गठन करते हुए उनके लिए कई प्रकल्पों की शुरूआत की है, जिनमें ई-रिक्शे का प्रोजेक्ट भी शामिल है।

 

श्री कोविंद ने इसे महिला सशक्तिकरण और महिला स्वावलंबन के साथ-साथ पर्यावरण की दृष्टि से भी काफी उपयोगी बताया। उन्होंने कहा कि इससे हितग्राही महिलाओं के परिवारों की आमदनी भी बढ़ेगी। श्री कोविंद ने ई-रिक्शा चालक श्रीमती फूलमती भास्कर से इस नये व्यवसाय के बारे में उनके अनुभवों को भी साझा किया।

महिला ई-रिक्शा चालक ने बताया कि राज्य सरकार ने दंतेवाड़ा जिले के युवाओं के कौशल उन्नयन के लिए लाइवलीहुड कॉलेज की भी स्थापना की है और फूलमती इस कॉलेज में महिलाओं को ई-रिक्शा चलाने का प्रशिक्षण भी देती हैं। इस प्रशिक्षण के लिए उन्हें मानदेय भी मिल रहा है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह और स्कूल शिक्षा तथा आदिम जाति विकास मंत्री श्री केदार कश्यप सहित अनेक वरिष्ठजन उपस्थित थे।